इंडिगो की उड़ानों में लगातार हो रही देरी और रद्दीकरण के बीच एक ऐसा वीडियो सामने आया है, जिसने यात्रियों के दिल को छू लिया है. यह वीडियो इंडिगो के पायलट कैप्टन प्रदीप कृष्णन का है, जो विमान में खड़े होकर बेहद विनम्रता से यात्रियों से माफी मांगते नजर आते हैं. जैसे ही उन्होंने तमिल भाषा में अपना संदेश दिया, विमान में मौजूद लोग भावुक हो उठे और उनकी इस सच्ची बात पर तालियां बजाने लगे.


कैप्टन कृष्णन ने बड़े शांत स्वर में कहा कि उन्हें हो रही परेशानी का पूरा एहसास है और जैसे ही कोई नई जानकारी मिलेगी, वह यात्रियों को तुरंत बताएंगे. वीडियो में दिखाई देता है कि उनकी बातों से यात्रियों का तनाव थोड़ा कम होता है, क्योंकि सामान्य तौर पर इस तरह की देरी में एयरलाइन स्टाफ से बहुत कम संवाद देखने को मिलता है.





 


 

 



 

 


View this post on Instagram


 



 

 

 



 

 



 

 

 




 

 


A post shared by Pradeep Krishnan (@capt_pradeepkrishnan)







वीडियो के साथ दिया संदेश


वीडियो के साथ उन्होंने एक संदेश भी साझा किया, जिसमें उन्होंने स्वीकार किया कि किसी की ज़रूरी बैठक, समारोह या व्यक्तिगत काम उड़ान देरी की वजह से छूट जाए तो वह सच में दुखद होता है. उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि न तो वे हड़ताल पर हैं और न ही जानबूझकर उड़ान रोक रहे हैं. उनकी खुद की उड़ान भी काफी देर से पहुंची थी और वे यात्रियों की बेचैनी को पूरी तरह समझ सकते हैं.


ग्राउंड स्टाफ के सम्मान की अपील


कैप्टन ने अपने संदेश में खासतौर पर ग्राउंड स्टाफ का जिक्र किया. उन्होंने कहा कि वे लोग भी चाहकर यात्रियों को जल्दी घर भेजना चाहते हैं, इसलिए उनसे नाराज़ होने के बजाय धैर्य रखकर बात करनी चाहिए. यात्रियों के इस मुश्किल समय में पायलट का ऐसा व्यवहार सोशल मीडिया पर लोगों को बेहद पसंद आया.


सोशल मीडिया पर समर्थन और तारीफ


वीडियो सामने आने के बाद हजारों लोगों ने सोशल मीडिया पर कैप्टन कृष्णन की तारीफ की. कई यूजर ने लिखा कि ऐसे ईमानदार और संवेदनशील पायलट बहुत कम मिलते हैं, जबकि कुछ ने कहा कि इस भावुक संबोधन ने उनकी निराशा को कम कर दिया. बहुत से लोगों को यह बात प्रभावित कर गई कि पायलट ने पहली बार खुले तौर पर यात्रियों के दर्द को स्वीकार किया.


इंडिगो की उड़ानें क्यों हो रही हैं प्रभावित?


पिछले कई दिनों से इंडिगो यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. बड़ी संख्या में उड़ानें रद्द होने और घंटों देरी होने का मुख्य कारण नए FDTL नियमों को बताया जा रहा है, जिनमें पायलटों की ड्यूटी और आराम के समय को ज्यादा सख्त कर दिया गया है. पायलटों की उपलब्धता कम होने से उड़ानों की शेड्यूलिंग अस्त-व्यस्त हो गई है और कई शहरों के एयरपोर्टों में अफरा-तफरी जैसी स्थिति बन गई है.


ये भी पढ़ें: Parliament Winter Session LIVE: लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही शुरू, राहुल गांधी संभालेंगे विपक्ष की तरफ से मोर्चा