Islamic Manners: भारत में पश्चिमी सभ्यता का असर सभी धर्मों पर पड़ रहा है. बात करें KISS की तो पश्चिमी देशों में शादी से पहले किस करना या गर्लफ्रेंड को किस करना आम बात है. लेकिन आज भी मुस्लिम देशों में इसे हराम माना जाता है.


जो लोग इस्लामिक ज्ञान से अछूते रह जाते हैं या उन्हें उचित ज्ञान नहीं मिल पाता वे यह समझ नहीं पाते कि क्या जायज है और क्या हराम. खासकर युवा लड़के और लड़कियां विवाह से पहले एक दूसरे के करीब आ जाते हैं. जबकि वह यह नहीं जानते कि निकाह से पहले चुंबन करना हराम है या नहीं. कई हदीस और कुरान की आयतें हैं जो इस संबंध के बारे में बताती है.


पैगंबर मुहम्मद ने कहा, "किसी मुसलमान के लिए अपने सिर में कील ठोकवाना बेहतर है, बजाय किसी ऐसे व्यक्ति को छूने के जो उसका करीबी रिश्तेदार नहीं है (गैर-महरम).


हदीस के अनुसार, इस बात से स्पष्ट होता है कि, किसी भी पराए स्त्री या पुरुष के लिए किसी गैर मरहम को छूना, चूमना या फिर किसी तरह से भी शारीरिक संपर्क बनाना जायज नहीं है.


अगर शादी से पहले गर्लफ्रेंड को किस कर लिया तो क्या होगा?


सिर्फ किस करना ही नहीं बल्कि इस्लाम में निकाह से पहले यौन, कामुक और स्नेहपूर्ण कृत्य जैसे कि चुंबन, स्पर्श, घूरना आदि को भी हराम माना गया है. क्योंकि इन्हें जिना का हिस्सा माना जाता है, जो वास्तविक जिना की ओर ले जाता है.


अगर आपने निकाह से पहले अपनी गर्लफ्रेंड को किस किया था और उसी व्यक्ति से आपका निकाह होने जा रहा है या हो चुका है तब भी यह निकाह की यात्रा का अंत नहीं है, बल्कि इसके लिए पश्चाताप जरूरी है. इसके लिए अल्लाह से अपने गुनाहों की माफी मांगे और हमेशा रिश्तों के प्रति ईमानदार रहने का वचन लें. इससे पाप मिट जाएंगे और सवाब मिलेगा.


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