Sabarimala Temple: इस महीने की शुरुआत में मलयाली सुपरस्टार मोहनलाल ने अपने साथी एक्टर मामूट्टी के लिए सबरीमाला में पूजा की थी. मोहनलाल को यह नहीं पता था कि मामूट्टी के बेहतर स्वास्थ्य के लिए की जाने वाली यह पूजा ही मामूट्टी के लिए परेशानी बन जाएगी. दरअसल, कुछ कट्टरपंथी इस पूजा को इस्लाम के खिलाफ मान रहे हैं. सोशल मीडिया पर मामूट्टी के खिलाफ कई पोस्ट सामने आ रही हैं.
आलोचकों का कहना है कि मामूट्टी मुस्लिम हैं और अगर उनके कहने पर यह पूजा की गई थी तो उन्हें माफी मांगनी चाहिए. सोशल मीडिया पर ऐसी कई पोस्ट हैं, जिनमें यूजर्स लिख रहे हैं कि मामूट्टी मुस्लिम हैं और हिंदू प्रार्थनाएं इस्लामी मान्यताओं का उल्लंघन करती हैं. इसी तरह की एक पोस्ट में 'माध्यमम' अखबार के पूर्व संपादक ओ अब्दुल्ला ने मामूट्टी से माफी मांगने तक को कह दिया है. उन्होंने पूछा है कि कि क्या मामूट्टी ने मोहनलाल से उनकी ओर से प्रार्थना करने को कहा था? अब्दुल्ला ने इस्लामी कानूनों का हवाला देते हुए कहा कि इस्लामी आस्था का पालन करने वाले व्यक्ति को केवल अल्लाह की प्रार्थना करनी चाहिए.
मोहनलाल की सफाई
विवाद बढ़ता देख मोहनलाल ने इस पूरे मामले पर सफाई दी है. उन्होंने कहा है कि उन्हें मामूट्टी ने ऐसा करने के लिए नहीं कहा था, बल्कि उन्होंने खुद अपनी स्वेच्छा से यह पूजा करवाई. मोहनलाल ने चेन्नई में एक कार्यक्रम में इस विवाद पर कहा कि मामूट्टी उनके भाई की तरह हैं. उनका स्वास्थ्य ठीक नहीं चल रहा था तो मैंने यह प्रार्थना पूजा करवाई. यह पूरी तरह से व्यक्तिगत थी.
रसीद लीक होने से बना विवाद
मोहनलाल 18 मार्च को सबरीमाला मंदिर गए थे. वहां उषा पूजा के दौरान, उन्होंने पुजारी को एक नोट दिया था जिसमें मामूट्टी के जन्म का नाम मुहम्मद कुट्टी और उनके जन्म नक्षत्र 'विशाखम' का उल्लेख था. सबरीमाला का प्रबंधन देखने वाले देवस्वोम कार्यालय से इससे जुड़ी एक रसीद वायरल हो गई. इसी के बाद यह मामला सुर्खियों में आया.
