अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 में वैभव सूर्यवंशी ऐसा नाम हैं, जिन पर क्रिकेट फैंस की नजरें टिकी हुई हैं. वजह साफ है- उनकी आक्रामक बल्लेबाजी. वैभव जब भी क्रीज पर उतरते हैं, तो गेंदबाजों पर दबाव साफ नजर आता है. उनके शॉट्स में ताकत भी है और आत्मविश्वास भी, जो उन्हें इस स्तर पर बाकी खिलाड़ियों से अलग बनाता है.
छक्कों से पहचान बनाने वाले बल्लेबाज
वैभव सूर्यवंशी की सबसे बड़ी ताकत उनके छक्के हैं. वह सीमित ओवर क्रिकेट में तेजी से रन बनाने में भरोसा रखते हैं और शुरुआत से ही बड़े शॉट खेलने से नहीं डरते. यही कारण है कि हर टूर्नामेंट के साथ उनके छक्कों की संख्या तेजी से बढ़ती जा रही है.
क्यों खास होगा U19 वर्ल्ड कप में 20वां छक्का?
U19 वर्ल्ड कप 2026 में वैभव का 20वां छक्का बेहद खास माना जा रहा है. यह छक्का उन्हें एक ऐसे रिकॉर्ड तक पहुंचा देगा, जो आज तक किसी भी बल्लेबाज ने अंडर-19 वनडे क्रिकेट में नहीं बनाया है. इस एक सिक्स के साथ ही वैभव 100 छक्कों का आंकड़ा पूरा कर लेंगे.
अगर वैभव सूर्यवंशी अंडर-19 वर्ल्ड कप में 20वां छक्का लगाते हैं, तो वह अंडर-19 वनडे क्रिकेट में 100 छक्के पूरे करने वाले दुनिया के पहले बल्लेबाज बन जाएंगे. यह रिकॉर्ड उन्हें सीधे क्रिकेट इतिहास के खास पन्नों में जगह दिलाएगा.
आंकड़े बताते हैं वैभव की ताकत
2024 में अंडर-19 वनडे क्रिकेट में डेब्यू करने वाले वैभव अब तक 18 मुकाबले खेल चुके हैं. इन मैचों में उन्होंने 80 छक्के लगाए हैं, जो अपने आप में हैरान करने वाला आंकड़ा है. छक्कों के मामले में वह पहले ही नंबर-1 बल्लेबाज हैं.
बाकी खिलाड़ियों से कितने आगे हैं वैभव?
अंडर-19 वनडे क्रिकेट में छक्कों की लिस्ट में बांग्लादेश के जावद अबरार दूसरे नंबर पर हैं. उनके बल्ले से अब तक 51 छक्के निकल चुके हैं, जो उन्होंने 31 मैचों में जड़े. ऐसे में साफ है कि वैभव सूर्यवंशी बेहद कम समय में अपने प्रतिद्वंद्वियों से काफी आगे निकल चुके हैं.
कम उम्र, बड़ा सपना
महज 15 साल की उम्र में वैभव सूर्यवंशी जिस तरह के रिकॉर्ड के करीब हैं, वह उनके उज्ज्वल भविष्य की ओर इशारा करता है. अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 उनके लिए खुद को दुनिया के सामने साबित करने का सबसे बड़ा मंच होगा.
