US Tariff: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार (13 अप्रैल) को कहा कि कोई भी देश गलत तरीके से व्यापार करने के लिए ‘छूट’ नहीं पाएगा. उन्होंने साफ किया कि शुक्रवार को किसी भी तरह की टैरिफ में छूट की घोषणा नहीं की गई थी.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का यह बयान उस वक्त आया जब अमेरिकी सीमा शुल्क और सीमा सुरक्षा विभाग ने एक दिशा-निर्देश जारी किया, जिसमें बताया गया था कि स्मार्टफोन, कंप्यूटर और दूसरे इलेक्ट्रॉनिक सामानों को रेसिप्रोकल टैरिफ से छूट दी गई है.
स्टीफन मिलर ने सोशल मीडिया पर कही थी ये बात
व्हाइट हाउस के सीनियर सलाहकार स्टीफन मिलर ने एक्स (पहले ट्विटर) पर लिखा कि ये सामान अब भी चीन पर पहले की गई घोषणा के तहत 20% टैरिफ के दायरे में आते हैं.' वो राष्ट्रपति ट्रंप के उस आदेश की बात कर रहे थे, जिसमें उन्होंने कनाडा, मैक्सिको और चीन पर 'गैरकानूनी ड्रग्स की समस्या' की वजह से टैरिफ लगाने का फैसला किया था.
पीछे हटते नजर आए ट्रंप!
ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर लिखा, "दूसरे देशों ने हमारे साथ जो गलत व्यापार किया है और जो गैर-जरूरी टैरिफ रुकावटें खड़ी की हैं, उनके लिए अब किसी को भी 'छूट' नहीं मिलेगी-खासकर चीन को नहीं, जिसने हमारे साथ सबसे खराब बर्ताव किया है!"
78 साल के ट्रंप ने आगे कहा कि शुक्रवार को 'कोई भी टैरिफ छूट की घोषणा नहीं हुई.' उन्होंने बताया कि ये उत्पाद पहले से ही '20% फेंटेनाइल टैरिफ' के तहत आते हैं और अब बस उन्हें एक अलग टैरिफ श्रेणी (बकेट) में डाला जा रहा है.
'हम चीन पर निर्भर नहीं रह सकते'
उन्होंने कहा, "हम आने वाली राष्ट्रीय सुरक्षा टैरिफ जांच में सेमीकंडक्टर और पूरे इलेक्ट्रॉनिक्स सप्लाई चेन पर ध्यान दे रहे हैं." ट्रंप ने आगे कहा, "जांच से यह साफ हो रहा है कि हमें अपने देश अमेरिका में ही सामान बनाना होगा. हम किसी भी दूसरे देश खासकर चीन जैसे दुश्मन जैसे व्यापार करने वाले देशों के भरोसे नहीं रह सकते, जो अमेरिका और हमारे लोगों का अपमान करने के लिए हर मुमकिन कोशिश करते हैं."
ट्रंप ने आगे कहा, "हम अब उन्हें हमारे साथ व्यापार में गलत व्यवहार करने की इजाजत नहीं दे सकते जैसा कि वो कई सालों से करते आ रहे हैं. अब वो दिन खत्म हो चुके हैं!" उन्होंने कहा, "अमेरिका का एक नया सुनहरा दौर आने वाला है, जिसमें टैक्स में कटौती और नियमों को आसान बनाना शामिल है. इनमें से बहुत सी चीजों को हाल ही में मंजूरी दी है. इसका मतलब होगा ज्यादा और बेहतर वेतन वाली नौकरियां, हमारे देश में ही सामान बनाना और चीन जैसे देशों के साथ वैसा ही व्यवहार करना जैसा उन्होंने हमारे साथ किया है." आखिर में उन्होंने कहा, "इसका नतीजा ये होगा कि हमारा देश पहले से भी ज्यादा बड़ा, बेहतर और मजबूत बनेगा. हम अमेरिका को फिर से महान बनाएंगे!"
